विनियामक मामले प्रभाग

विनियामक मामले प्रभाग - संक्षिप्त विवरण

मुख्य अभियन्ता : श्री एल के एस राठौर, सीई (प्रभारी)

विनियामक मामलों के प्रभाग की गतिविधि 
  1. नियामक मामलों पर सीईए के विभिन्न प्रभागों को टिप्पणियाँ/इनपुट प्रस्तुत करना।
  2. सीईए/सीईआरसी/एसईआरसी के विभिन्न विनियमों से संबंधित व्याख्या और कार्यान्वयन मुद्दों पर टिप्पणियाँ/इनपुट।
  3. विद्युत अधिनियम, 2003 के प्रावधानों और सीईए/सीईआरसी के विनियमों/मानकों के आलोक में बिजली के उत्पादन, पारेषण, वितरण और व्यापार से संबंधित नियामक मामलों पर विद्युत मंत्रालय (एमओपी)/राज्य सरकारों/नियामक आयोगों और बिजली उपयोगिताओं को सलाह देना। /एसईआरसी.
  4. वीआईपी संदर्भों, संसद प्रश्नों, संसद की स्थायी समितियों, सलाहकार समितियों के संदर्भों और बिजली क्षेत्र में नियामक पहलुओं पर कानूनी मामलों पर एमओपी/सीईए के अन्य प्रभागों को इनपुट प्रदान करना।
  5. संक्षिप्त एवं प्रकाशन तैयार करना एवं प्रकाशित करना। अल्पकालिक बिजली बाजार में बिजली के लेनदेन के लिए विस्तृत मासिक बाजार निगरानी रिपोर्ट और वार्षिक बाजार निगरानी रिपोर्ट।
  6. अन्य अतिरिक्त कार्य सौंपे गए: व्यवस्थापक। समन्वयक, सीईए ने अपने आदेश दिनांक 25.10.2022 और 27.10.2022 के माध्यम से नियामक मामलों के प्रभाग को नए कार्य सौंपे हैं, जो इस प्रकार हैं:
    • a. व्यवसाय करने में आसानी (ईओडीबी) से संबंधित सभी कार्यों का समन्वय अब सीईए के नियामक मामलों के प्रभाग द्वारा किया जाएगा।
    • b. राष्ट्रीय एकल खिड़की प्रणाली (एनएसडब्ल्यूएस) से संबंधित सभी कार्यों का समन्वय अब सीईए के नियामक मामलों के प्रभाग द्वारा किया जाएगा।
    • c. विनियामक मामले प्रभाग (आरए) अब से केंद्रीय विद्युत प्राधिकरण के सभी विनियमों के लिए समन्वय प्रभाग होगा। प्राधिकरण की सहमति चाहने वाले ऐसे सभी ड्राफ्ट आरए डिवीजन के माध्यम से भेजे जाएंगे।
    • d. आरए प्रभाग सीईए द्वारा जारी सभी विनियमों के भंडार के रूप में कार्य करेगा और इन विनियमों के बीच सामंजस्य और अखंडता सुनिश्चित करेगा।